15 नवंबर से शुरू होगी धान खरीदी, 1,500 सिंचाई परियोजनाओं के जीर्णोद्धार के लिए 2,800 करोड़ रुपए मंजूर
रायपुर, 27 अक्टूबर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि किसानों की समृद्धि और आय बढ़ाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। वे मंगलवार को राजधानी के सिविल लाइंस स्थित सर्किट हाउस में श्रद्धेय मनहरण लाल पाण्डेय की जयंती पर आयोजित ‘उत्कृष्ट कृषक रत्न सम्मान समारोह’ को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने प्रदेश के प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में 15 नवंबर से धान खरीदी शुरू होगी। किसानों की सुविधा के लिए 360 नए धान खरीदी केंद्र खोले जाएंगे, जिससे उन्हें धान बेचने के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी और खरीदी प्रक्रिया अधिक सुगम होगी।
सिंचाई परियोजनाओं पर 10 हजार करोड़ खर्च
सीएम साय ने कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रदेश में लगभग 10 हजार करोड़ रुपए की नई सिंचाई परियोजनाएं शुरू की गई हैं। वहीं, 1,500 पुरानी सिंचाई परियोजनाओं के जीर्णोद्धार के लिए 2,800 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। इन कार्यों से प्रदेश के सिंचित रकबे में 76 हजार हेक्टेयर की वृद्धि होने की उम्मीद है। इंद्रावती नदी पर मटनार और देऊरगांव सिंचाई परियोजनाओं पर भी काम किया जा रहा है।
किसानों को सस्ता ऋण और आधुनिक खेती पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान क्रेडिट कार्ड और शून्य प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण की सुविधा से किसानों को आर्थिक राहत मिली है। सरकार आधुनिक तकनीक, जैविक खेती और प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित कर रही है, ताकि खेती की लागत कम हो और किसानों की आय बढ़े।
उन्होंने श्रद्धेय मनहरण लाल पाण्डेय के जनसेवा और सिंचाई विकास में योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी। समारोह में वन मंत्री केदार कश्यप सहित जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और प्रदेशभर से आए किसान उपस्थित थे।

