सरगुजा-बस्तर में डेयरी विकास को मिलेगी नई गति

रायपुर, 17 अगस्त। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में मंत्रालय में राज्य सहकारी डेयरी फेडरेशन की संचालन समिति की बैठक हुई। इसमें प्रदेश में डेयरी विकास, दुग्ध उत्पादकों की आय बढ़ाने, महिला उत्पादकों की भागीदारी बढ़ाने और दूध संग्रहण-विपणन व्यवस्था मजबूत करने पर चर्चा हुई।
बैठक में बस्तर और सरगुजा संभाग पर विशेष फोकस किया गया। बस्तर के सात जिलों में पशुपालन से जुड़े परिवारों के लिए पशु पोषण, स्वास्थ्य, नस्ल सुधार और वैज्ञानिक प्रबंधन को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।
सरगुजा संभाग के जशपुर और बलरामपुर में चिलिंग सेंटर संचालित हैं। 45 मिल्क कलेक्शन सेंटरों से रोजाना करीब 3,500 लीटर दूध एकत्र किया जा रहा है। इससे 1,500 से अधिक महिला दुग्ध उत्पादक जुड़ी हैं। उत्पादकों को दूध का भुगतान सीधे बैंक खातों में किया जा रहा है।