सुकमा, 4 जुलाई |माओवाद प्रभावित इलाकों के विकास को लेकर सरकार गंभीर है। इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने आज सुकमा जिले के नियद नेल्ला नार क्षेत्र में चल रही योजनाओं की गहन समीक्षा की। कलेक्ट्रेट कार्यालय के सभाकक्ष में हुई इस बैठक में उन्होंने कहा, “विकास की शुरुआत सड़क से होती है, जब सड़क पहुंचेगी तभी स्कूल, अस्पताल, रोजगार और सरकारी योजनाएं गांवों तक पहुंचेंगी।”
शर्मा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क और पुल निर्माण को प्राथमिकता दी जाए, ताकि गांवों का संपर्क मजबूत हो और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिले। उन्होंने यह भी कहा कि इलाके की भौगोलिक कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं बनाई जाएं, ताकि उनका लाभ सही तरीके से लोगों तक पहुंचे।
संचार और डिजिटल सेवाएं हों मजबूत
उप मुख्यमंत्री ने संचार सुविधाओं पर चिंता जताते हुए मोबाइल नेटवर्क के विस्तार में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि डिजिटल कनेक्टिविटी के बिना आज की योजनाएं अधूरी हैं, इसलिए शिक्षा, स्वास्थ्य और प्रशासनिक सेवाओं को ऑनलाइन पहुंचाना जरूरी है।
हर घर पहुंचे पानी, बिजली और योजनाओं का लाभ
बैठक में शर्मा ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि हर घर को शुद्ध पेयजल और नियमित बिजली मिले। उन्होंने निर्माणाधीन आवासों की स्थिति की जानकारी ली और कहा कि पात्र हितग्राहियों को जल्द से जल्द लाभ दिया जाए। साथ ही, यह भी कहा कि जिन लोगों के पास जरूरी दस्तावेज नहीं हैं, उनके लिए विशेष शिविर लगाकर दस्तावेज उपलब्ध कराए जाएं।
तालाबों से जल बचाओ, गांवों को संजीवनी दो
गांवों में जल संरक्षण को जरूरी बताते हुए उन्होंने तालाबों के निर्माण और मरम्मत को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बारिश के पानी को सहेजना होगा, तभी खेती और गांवों की जरूरतें पूरी होंगी।
कई अधिकारी रहे मौजूद
इस समीक्षा बैठक में पंचायत विभाग के सचिव भीम सिंग, कमिश्नर डोमन सिंह, आईजी पी. सुंदरराज, डीआईजी कमलोचन प्रसाद, कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव, एसपी किरण गंगाराम चव्हाण, जिला पंचायत की सीईओ नम्रता जैन, और डीएफओ अक्षय भोसले सहित कई जिला स्तरीय अधिकारी शामिल रहे।
