भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बनेगा छत्तीसगढ़ का रोड नेटवर्क, दो और चार लेन सड़कों का होगा सर्वे

मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन की समीक्षा, निर्माण कार्यों की समय-सीमा और गुणवत्ता पर जोर

रायपुर, 13 अक्टूबर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में सड़क, भवन और अन्य अधोसंरचनाओं का निर्माण भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जाए। इसके लिए प्रदेश में दो लेन और चार लेन सड़कों की आवश्यकता का विस्तृत सर्वे कर रोड नेटवर्क का मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा।

मंत्रालय में मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन की समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि अधोसंरचना विकास प्रदेश की आर्थिक प्रगति और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने अधिकारियों को बजट स्वीकृति से लेकर निर्माण पूरा होने तक प्रत्येक चरण की समय-सीमा तय करने और गुणवत्ता से समझौता नहीं करने के निर्देश दिए।

सड़कों और सार्वजनिक भवनों के रखरखाव पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क निर्माण के साथ नियमित रखरखाव की भी प्रभावी व्यवस्था होनी चाहिए, ताकि सार्वजनिक परिसंपत्तियों की उपयोगिता और आयु बढ़े। स्कूल, कॉलेज और अन्य सार्वजनिक भवनों की डिजाइन तैयार करते समय भविष्य में विस्तार की संभावनाओं का भी ध्यान रखने के निर्देश दिए।

आधुनिक तकनीक से होगा अधोसंरचना विकास

बैठक में परियोजनाओं की योजना, स्वीकृति, निर्माण और निगरानी के लिए एकीकृत डिजिटल व्यवस्था विकसित करने पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने इंजीनियरों के नियमित प्रशिक्षण, आधुनिक निर्माण तकनीकों और बेहतर कार्यप्रणालियों को अपनाने पर भी जोर दिया।

उन्होंने कहा कि ‘अंजोर विजन 2047’ के अनुरूप टिकाऊ और आधुनिक अधोसंरचना विकसित करना सरकार का लक्ष्य है। पूंजीगत निवेश ऐसी परियोजनाओं में किया जाए, जिनसे रोजगार, उद्योग, व्यापार, कृषि और आम नागरिकों को अधिकतम लाभ मिल सके।