रायपुर। नगर निगम रायपुर में वर्षों से कार्यरत प्लेसमेंट कर्मचारियों ने मंगलवार को महापौर महोदया से मुलाकात कर अपने वेतन में हो रही विसंगतियों और वेतन वृद्धि की मांग रखी। कर्मचारियों का कहना है कि वे बीते 10 से 15 वर्षों से निगम में विभिन्न पदों पर कार्यरत हैं, लेकिन उन्हें अब तक केवल कलेक्टर दर पर ही वेतन दिया जा रहा है, जबकि कई प्राइवेट संस्थाओं के माध्यम से नियुक्त कर्मचारियों को 45 से 90 हजार रुपये प्रतिमाह तक भुगतान किया जा रहा है।
प्लेसमेंट कर्मचारी कल्याण संघ, नगर निगम रायपुर के अध्यक्ष संजय ऐडे, सचिव खेमूलाल निषाद, उपाध्यक्ष नरेश निषाद, भीम, रवि, प्रमोद फेकर, हेमंत, के.के. सोनकर, अजीत कसार सहित कई पदाधिकारी महापौर से मुलाकात के दौरान मौजूद रहे। संघ का कहना है कि बिना प्रशासनिक स्वीकृति के एक निजी संस्था “एंटीट कंसलटेंट” के माध्यम से नियुक्त कर्मचारियों को भारी वेतन दिया जा रहा है, जबकि वर्षों से निगम में सेवाएं दे रहे कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है।
प्लेसमेंट संघ ने महापौर से मांग की कि वरिष्ठता के आधार पर 10-15 सालों से कार्यरत कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि की जाए और वेतन विसंगति को दूर किया जाए।
महापौर महोदया ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए जांच के बाद उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया है।
